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The Psychology of Money Book Summary | सीखें पैसा बनाने की कला

The Psychology of Money Book Summary। The Psychology of money by Morgan Housel। पैसों का मनोविज्ञान। दिल और दिमाग के बीच Intelligence। Risk और किस्मत का खेल। अमीर बनने का Mindset। पहले पैसों को समझो, फिर investing करो। सीखें पैसा बनाने की कला। How to Become Millionaire in 5 Years। Golden Rules of Investing। The Psychology of money Book Review Best Ways to become Rich। How to earn money in 2022

The psychology of money book Summary
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The Psychology of Money By Morgan Housel
Book Summary

   पैसों को सही तरीके से handle करने की कला। आपके smartness पर नहीं, बल्कि पैसों को लेकर, आपके behavior पर निर्भर करता है। कभी-कभी एक genius भी पैसों को गवां देता है। वही कभी-कभी एक Ordinary इंसान भी पैसों से wealthy बन सकता है। Psychology of Money समझने के लिए। पहले एक कहानी के माध्यम से, इसके सार को समझने की कोशिश करेंगे। कहानी कुछ इस प्रकार है।

     Book के author एक होटल में काम करते थे। जहां एक technology executive, frequently आता था। वह एक genius था। जिसने young age में बहुत-सी companies बनाई। उसे बेच भी दी। उसके पास बहुत पैसे थे। लेकिन उसका अपने पैसों के साथ, relationship बहुत ही stupid था।

     वह हर समय अपने साथ, नोटों की गड्डियां लेकर घूमता था। फिर बिना शराब पिए और शराब पीकर। अपने अमीर होने का show off करता था। एक बार तो उसने हद ही कर दी। जब उसने अपने दोस्त को, बहुत से पैसों की गड्डियां देकर कहा। उसे gold coin में convert करवाने के लिए।

      फिर वह अपने दोस्तों के साथ समंदर के पास गया। जिसमें उसने एक game खेला। जिसमें जो gold coin को समंदर में ज्यादा दूर तक फेंकेगा। वही जीतेगा। पैसों के साथ, ऐसा बेहूदा व्यवहार। सिर्फ मस्ती के लिए। अब आप सोच सकते हैं कि उसका यह behavior कितने समय तक चला होगा। ज्यादा लंबा नहीं। Author बताते हैं कि उन्हें कुछ सालों बाद पता चला। कैसे वह bankrupt हो गया।

      इस कहानी के साथ author एक और इंसान की कहानी बताते हैं। जिसका नाम Ronald James था। वह एक साधारण अमेरिका के गांव से, belong करने वाला सफाई कर्मचारी था। यह साधारण आदमी जब 92 साल की उम्र में मरा। तो देश-विदेश के अखबारों में, उसकी चर्चा हुई। चर्चा इसलिए हुई। क्योंकि मरने के समय उसकी net worth ₹58 करोड़ थी।

     जिसमें से उसने ₹15 करोड़, अपने सौतेले बच्चों को और वही ₹43 करोड़ चैरिटी में दे दिए। अब एक साधारण अमेरिका के गांव से belong करने वाले। सफाई कर्मचारी के पास, इतने पैसे कहां से आए। जब इसका पता लगाया गया। तो पता चला कि उसकी कोई लॉटरी नहीं लगी थी। वह तो एक साधारण जीवन जीता था।

      जितने पैसे बचा सकता था। उसे Bluechip company के stock में लगा कर भूल जाता था। फिर कई दशकों बाद, compounding के power ने। उसकी छोटी-छोटी investment को, इतना बड़ा net worth बना दिया। Author, technology executive और सफाई कर्मचारी को compare करते हुए, बताते हैं। 

 कैसे जीवन में, बहुत सारा पैसा कमाना और फिर उसे बनाए रखने के लिए। किसी technical knowledge की जरूरत नहीं है। आप पैसे के साथ, कैसे behave  करते हैं। इसकी जरूरत है। पैसा कमाने की कला, एक soft skill है। कोई भी इंसान सीखकर financial, success पा सकता है। एक technology executive, genius होने के बावजूद। Bankrupt हो जाता है। दूसरा एक सफाई कर्मचारी ज्यादा पढ़ा-लिखा न होने के बावजूद, करोड़पति बन जाता है।

The Psychology of Money
No One's Cry

Author, example देते हैं। लॉटरी टिकट का। अमेरिकन जनता Movies, Video games, Music, Sporting events और Books के combine amount से ज्यादा लॉटरी टिकट खरीदने में खर्च करते हैं। आपको यह जानकर हैरानी होगी। कि ज्यादातर लॉटरी टिकट कौन खरीदता है। न अमीर, न मिडिल क्लास। बस गरीब लोग। वह गरीब लोग, जो इतने गरीब हैं। जिन्हें अगर इमरजेंसी हो जाए। तो 30 से 35 हजार arrange नहीं कर सकते। ऐसे गरीब लोग वहां पर, सालाना 30 से 35 हजार रुपए की लॉटरी टिकट खरीद लेते हैं।

What Financial Sense Does It Make?

ऐसा क्या financial sense लॉटरी टिकट खरीदने का बनता है। वह पैसा, जो इमरजेंसी के समय, उनके काम आ सकता है। उससे वह लॉटरी टिकट खरीद लेते हैं। क्या यह financial decision आपको सही लगता है। आप शायद कहेंगे नहीं। यह craziness है। लेकिन जो आपको और हमको crazy लगता है।

     वह गरीब आदमी के लिए rational और wise, decision है। कैसे? उसके लिए author, गरीब आदमी की सोच के बारे में बताते हैं। गरीब आदमी जो लॉटरी खरीदता है। वह कहता है। हम लोग जो महीने में कमाते हैं। उससे ज्यादा खर्च हो जाता है। Savings की तो कोई possibility ही नहीं होती।

      बहुत ज्यादा salary, vocations,  बड़ी गाड़ी, बड़े घर। ये सब हमसे बहुत दूर हैं। उतना ही कि हम अपने बच्चों को बड़े कॉलेज में एडमिशन करवा सकते हैं। यह सब हमारे लिए सपना है। इन सपनों को जो middle class और अमीर जी रहे होते हैं। ऐसे सपने को साकार होने के chances। हमे सिर्फ लॉटरी टिकट खरीद कर और लॉटरी लगने पर ही लगते हैं।

     लॉटरी टिकट खरीदते हुए, हमें लगता है। कि हम सपनों को सच करने के लिए, पैसे दे रहे हैं। आपको यह crazy लगेगा। क्योंकि जो हमारे लिए सपना है। वह बहुत से लोगों को आसानी से मिला हुआ है। आप में से तो बहुत से लोग, उसकी value भी नहीं करते। इस कहानी और example के माध्यम से, author बताते हैं।

    गरीब हो, middle class या Rich ज्यादातर money related decision या financial decision, excel की sheet पर working करके नहीं। इंसान के अपने individual circumstances और emotion से प्रभावित होकर लेता है।

     जो मैं decision लूंगा। वह आपको crazy लग सकता है। जो आप decision ले। वह मुझे crazy लग सकता है। आपकी financial success इस पर depend करती है। आप अपने emotions, circumstances और calculation को साथ में रखते हुए। पैसों के साथ कैसा behave करते हैं।

The Psychology of Money
Luck and Risk

बिल गेट्स की कहानी, तो आपने सुनी ही होगी। अगर आप बिल गेट्स और उनकी कंपनी माइक्रोसॉफ्ट की शुरुआती की कहानी जानना चाहते हैं। तो हमारे blog में एक बार जरूर visit करे। बिल गेट्स साल 1968 में, जब एक स्कूल में पढ़ते थे। तो उसी समय, पूरी दुनिया में 30 करोड़ similar students थे। जो हाई स्कूल में पढ़ते थे।

    लेकिन पूरी दुनिया में The Lakeside School कुछ ऐसे स्कूलों में से एक था। जिसमे उस समय computer था। स्कूल के पास इतना पैसा और दूरदर्शिता थी। कि उन्होंने अपने स्कूल के लिए, computer खरीदा। बिल गेट्स और उनके दोस्त पॉल एलेन लाखों करोड़ों बच्चों में से एक थे। वह lucky student, जिन्हें उस समय computer का access मिला।

      बिल गेट्स ने, यह बात On Record भी कही है। अगर उनका स्कूल Lakeside नहीं होता। तो शायद Microsoft भी नहीं होता। इस तरह और भी बहुत सारे factors थे। बिल गेट्स के success होने के। लेकिन luck उनमें से एक था। बिल गेट्स के एक और दोस्त Kent Evans की बात करते हैं। Kent Evans, बिल गेट्स और पॉल एलन के बेहतरीन दोस्त थे। उनके सभी computer adventure के पार्टनर थे।

   बिल गेट्स का कहना है अगर Kent Evans ने स्कूल खत्म किया होता। तो वह निश्चित माइक्रोसॉफ्ट में Founding Partner होते। लेकिन Kent Evans ने स्कूल खत्म ही नहीं किया। Kent Evans स्कूल में ही एक Mountaineering Accident के दौरान मारे गए। उन्होंने वो risk, face किया। जो लाखों में से, एक को face करना पड़ता है।

     Mountaineering में लाखों लोग जाते हैं। लेकिन मरता लाखों में से एक ही है। ऑथर, Luck और Risk का concept इस example से सिखाते हैं। Bill Gates और Kent Evans बिल्कुल एक जैसी capabilities रखते थे। जहां बिल गेट्स लाखों लोगो में से एक बने। जिन्होंने हद से ज्यादा सफलता प्राप्त की। जिसे luck भी कहा जा सकता है।

   वहीं Kent Evans लाखों लोगों में से वह एक इंसान बने। जिन्हें luck का बिल्कुल opposite, Risk को face करना पड़ा। जहां शुरुआत एक साथ हुई थी। वहीं Luck और Risk के कारण, direction और final Outcomes बिल्कुल opposite हो गए। यहां कहानी का मतलब यह नहीं है। कि बिल गेट्स की अपार सफलता के पीछे सिर्फ किस्मत थी।

     किस्मत के अलावा और भी बहुत factors है। लेकिन यह कहना उचित होगा। आपके efforts अलावा भी, बहुत से factors होते हैं। जो determine करते हैं। कि आउटकम क्या होगा। जो आपके control में नहीं भी होते। आपको सिर्फ इस बात पर विश्वास रखना है। कि अगर आप financially बहुत सफल हो जाओ। तो यह मत मान बैठो। आपने जो decision लिए, वह सब सही रहे। तभी आप सफल हुए। आगे भी वैसा ही होगा।

  अगर आप financial, failure का सामना करो। तो यह मत मान लो। जो आपने decision लिए, सब गलत थे। इसलिए आप असफल हुए। सफल होते समय भी, आपके decision, hardwork  के साथ बहुत सारे factors थे। जो आपके असफल होने पर भी। आपके decision, hardwork के अलावा और बहुत सारे factors थे।

     सफल होने पर भी, consciously आगे बढ़ते रहो। असफल होने पर भी situations और circumstances को पीछे छोड़कर। आगे बढ़ते चलो। जब तक सभी factors, आपके favour में आकर आपको सफलता न दिला दें।

Never Enough - When Rich People Do Crazy Things

Money से related, तीसरी soft skill को बताने के लिए। Author, रजत गुप्ता का example देते है। जिनका जन्म कोलकाता में हुआ। जो एक अनाथ थे। ऐसे circumstances में रहने के बावजूद, 40 साल की उम्र में। रजत गुप्ता दुनिया सबसे prestigious consulting firm McKinsey के CEO बने।

       इसके अलावा भी बहुत सारे influential role में भी वह रहे। साल 2008 में, उनकी net worth करीब $100 million थी। उतना पैसा उन्होंने इक्कट्ठा कर लिया। कि अगर इतने पैसों को बैंक में रखकर, उसकी interest income भी आए। तो ₹50000 प्रति घंटे, बिना कुछ किए, कमाए जा सकते हैं। वो भी 24 घंटे हर रोज। लेकिन यह भी उनके लिए काफी नहीं था।

      वह करोड़पति से बहुत ही desperately अरबपति बनना चाहते थे। उस समय वो Goldman Sachs,जो दुनिया की बड़ी investment banking company है। उसके बोर्ड ऑफ डायरेक्टर में शामिल हुए। अपने अरबपति बनने के desperation में, इतनी wealth होने के बावजूद भी। उन्होंने satisfaction न होने के कारण। ऐसा काम किया। जिसने उनकी इतने सालों की reputation को मिट्टी में मिला दिया।

      उन्हें insider trading के गुनाह के लिए दोषी पाया गया। दोषी करार होने के बाद, उन्हें जेल जाना पड़ा। Insider trading जिसका मतलब था। ऐसी information, जो उन्हें बोर्ड मीटिंग में मिलती थी। जो confidential होती थी। उसे उन्होंने अपने financial gain के लिए बेचा। Author रजत गुप्ता के example के साथ बताते हैं।

     ऐसे बहुत सारे लोगों के साथ, यह problem होती है। एक financial goal, achieve करने के बाद। वह दूसरा financial goal achieve करना चाहते हैं। लखपति से करोड़पति और फिर अरबपति। कुछ भी उनके लिए enough नहीं होता। यह enough शब्द, बहुत मायने रखता है। यह बताता है कि इंसान को financially एक goal post बनाना चाहिए।

     ऐसा goalpost जिसमें आपकी सभी needs और reasonable wants पूरी हो सके। इसके बाद सब लालच है। जो आपका peace of mind खराब कर सकता है। तो सबसे जरूरी financial skill है। कि आप enough की definition जरूर बनाएं। उसके बाद रुक जाएं। पैसे से ज्यादा, अपने परिवार और अपनी सुख-शांति को ज्यादा महत्व दें।

    Social Comparison यह skill, attain करने में सबसे ज्यादा problem create करता है। उसके पास BMW है। मेरे पास भी होनी चाहिए। ऐसी सोच को छोड़ना बहुत ही जरूरी है। इस important skill को सीखने के लिए। तो अपने लिए clear enough की definition बनाना। उस financial states को achieve करने के direction में काम करना। फिर तो रुक जाना। बहुत important financial skill है।

The Psychology of Money
Compounding - Compounding

Warren Buffett ने इतना massive wealth कैसे बनाया। उसके ऊपर लगभग 2000 किताबें लिखी जा चुकी है। अगर उन सब किताबों की summary देखें। तो एक लाइन में conclude किया जा सकता है। वह एक लाइन है – “This Guy has been Investing Consistently for three quarters of Century.”

    Warren Buffett स्टॉक में तब से invest कर रहे हैं। जब वह बच्चे थे। आपको यह जानकर हैरानी होगी। उनकी 86.5 billion-dollar की net worth है। जिसमें से उन्होंने 81.5 billion-dollar की net worth। अपने retirement age  मतलब 60 साल के बाद, इक्कठी ही की है। No doubt, वॉरेन बफेट एक Phenomenal Investor है।

         लेकिन सबसे जरूरी बात यह है। कि वह 75 साल से consistently invest कर रहे हैं। जितना importance उनकी skill को देना चाहिए। उतना या उससे ज्यादा importance, time को देना चाहिए। Author एक example देते हैं। जिसमें वो compare करते हैं। Warren Buffett को, एक साधारण इंसान से।

       Warren Buffett ने 10 साल की उम्र में, invest करना शुरू कर दिया था। जब वह 30 साल के थे। तब उनकी networth 9.3 million-dollar थी। वही एक साधारण इंसान, जो normally 20 साल तक पढ़ाई करता है। उसके बाद 30 साल तक world explore करता है। अपना passion explore करता है। उसकी नेटवर्क 30 साल की उम्र में, मात्र $25000 होगी।

      क्योंकि उसने अपनी saving और investment शुरू ही नहीं की। अब अगर वह इस point पर invest करना शुरू करता है। वह 60 साल की उम्र तक 22% return कमाता है। वह साधारण इंसान है। तो 60 साल की उम्र में retirement ले लेता है। फिर investing बंद कर देता है। तो present time में, उसकी network 11.9 million-dollar होगी।

      वही वारेन बुफेट कि network 86.5 million-dollar है। उसकी net worth, वारेन बुफेट की networth से 99% कम है। Summary में यह कहा जा सकता है। कि वारेन बुफेट की कामयाबी का सबसे बड़ा कारण है। उनका बहुत छोटी उम्र में investment करना। 

    फिर उसे 90 साल की उम्र तक continue रखना। उन्होंने 75 साल तक consistently investment की। फिर उसे hold करके रखा। या उसे reinvest किया। उस समय ने कंपाउंडिंग के exponential result उन्हें दिए। Understanding the value of compounding is One of the most financial skill.

The Psychology of Money
Getting Wealthy Vs Staying Wealthy

 Author कहते हैं कि अमीर बनना। एक बार के लिए, फिर भी आसान है। लेकिन हम अमीर बने रहना। इतना आसान नहीं हैं। शायद यही कारण है कि ज्यादातर बिजनेस start होने के, कुछ साल बाद ही fail हो जाते हैं। बहुत सारे celebrities के example हैं। एक बहुत अच्छा financial status, achieve करने के बाद भी broke हो गए। बिजनेस, कैरियर और investing सबमें सफलता पाने के लिए, सबसे ज्यादा जरूरी है। लंबे समय तक, survive करना।

     यह financial skill भी Warren Buffett के example से समझी जा सकती है। वारेन बुफेट के साथ-साथ उनके जैसे और भी बहुत सारे investors रहे होंगे। फिर भी वॉरेन बफेट जैसी networth और किसी की क्यों नहीं हुई। ऐसा इसलिए क्योंकि उन्होंने एक लंबे समय तक survive किया। अपनी wealth को धीरे-धीरे करके बढ़ाया। इसे कम नहीं होने दिया।

     उन्होंने अपने 75 साल के, investing period में करीब 14 Recession देखें। लेकिन वह panic नहीं हुए। अपने आप को burn out नहीं होने दिया। चाहे उसके लिए, उन्हें कितनी ही Lucrative deal छोड़नी पड़ी। रजत गुप्ता की तरह, अपनी reputation कभी stake पर नहीं लगाई।

    उनकी जो सबसे बड़ी बिजनेस strategy रही। वह उनका अपना और अपनी wealth का survival ही था। बस इसी survival ने उन्हें वह समय दिया। जो दूसरे लोगों को नहीं मिला। उसी समय ने, अपना जादू दिखाया। फिर compounding नामक formula उनकी से net worth इतनी जबरदस्त हो गई।

Humble Request

My Dear & Valuable Readers,

   यह सिर्फ Book में दिए गए। 5 lesson की Summary थी। जिसे Author Morgan Housel ने कहानियों के माध्यम से समझाएं। ऐसे ही 15 और lessons अभी शेष हैं। अगर आप भी इससे inspire हुए हैं। तो आपको भी Book – The Psychology of Money जरूर पढ़नी चाहिए। ताकि आप investing को लेकर अपने doubts को समझकर, उसका निस्तारण कर सकें। साथ ही अपनी life में एक अच्छी Net worth को हासिल कर पाए।

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